रमज़ान के पूरे तीस रोजों के बाद ईद आई है. कितना मनोहर, कितना सुहावना प्रभात है. वृक्…
अगर ऐसे ही चलता रहा तो आने वाली पीढ़ी यही समझेगी कि ईद इसलिए मनाई जाती है क्योंकि इस द…
अभी सुल्तान देखने गया था.. 300 का टिकट था साला!!! . फिल्म को गोली मारी.. 300 की 2 …
सियासत में ज़रूरी है रवादारी समझता है वो रोज़ा तो नहीं रखता मगर इफ्तारी समझता है.. …
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